ऑपरेशन प्रहार का सबसे बड़ा वार: बी.एड. कॉलेज के पास धड़ल्ले से चल रहे स्मैक के अड्डे पर पुलिस का छापा, 51.97 ग्राम स्मैक, नकदी, ज्वैलरी, दो वाहन समेत 5 तस्कर गिरफ्तार, मास्टरमाइंड तहसीन फरार।
29 जुलाई, 2026
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सितारगंज:(चरनसिंह सरारी) युवाओं को नशे की दलदल से बचाने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति के निर्देशन में चलाए जा रहे "ऑपरेशन प्रहार" के तहत सितारगंज पुलिस ने मंगलवार को नशा तस्करों के खिलाफ बड़ी और सुनियोजित कार्रवाई करते हुए बी.एड. कॉलेज के समीप वलीनगर क्षेत्र में संचालित स्मैक तस्करी के अड्डे का पर्दाफाश कर दिया। लंबे समय से स्थानीय लोगों द्वारा इस क्षेत्र में खुलेआम स्मैक की बिक्री की शिकायतें पुलिस को मिल रही थीं, जिसके बाद पुलिस ने सटीक रणनीति बनाकर दबिश दी। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने मौके से 51.97 ग्राम स्मैक, स्मैक बिक्री से अर्जित ₹8,310 की नकदी, नशे के कारोबार से खरीदी गई सोने-चांदी की ज्वैलरी, सात मोबाइल फोन, इलेक्ट्रॉनिक तराजू, पैकिंग सामग्री, एक हीरो स्प्लेंडर मोटरसाइकिल तथा एक मैस्ट्रो एज स्कूटी बरामद करते हुए पांच नशा तस्करों को रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार आरोपी मौके पर ही स्मैक की पुड़िया तैयार कर ग्राहकों को बेच रहे थे और कॉलेज क्षेत्र को नशे का सुरक्षित ठिकाना बनाकर अपना नेटवर्क चला रहे थे।पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि पूरे गिरोह को कुख्यात नशा तस्कर तहसीन संचालित कर रहा था, जो गिरफ्तार आरोपियों को स्मैक उपलब्ध कराता था। तहसीन के खिलाफ पहले से एनडीपीएस अधिनियम के तहत तीन मुकदमे दर्ज हैं और उसकी गिरफ्तारी के लिए न्यायालय से गैर-जमानती वारंट भी जारी है। पुलिस टीम जब तहसीन को गिरफ्तार करने पहुंची तो वह मौके का फायदा उठाकर फरार हो गया, जबकि उसके पांच साथी पुलिस के हत्थे चढ़ गए। गिरफ्तार आरोपियों में 29 वर्षीय आरफीन खां पुत्र हसीन खां, 30 वर्षीय मोहम्मद आदिल पुत्र सद्दरुद्दीन निवासी महल सराय जलालाबाद थाना बिजनौर जनपद बिजनौर यूपी, 30 वर्षीय जैनब परवीन पुत्री सद्दरुद्दीन, 25 वर्षीय अलीशा पुत्री सद्दरुद्दीन और 27 वर्षीय दिलनवाज अंसारी पुत्र नसीम अहमद निवासीगण बलीनगर सितारगंज थाना सितारगंज शामिल हैं।छापेमारी के दौरान पुलिस ने नशे की कमाई से खरीदे गए छह कंगन, एक नथ मय चैन, एक मांगटीका, दो जोड़ी बालियां, एक महिला अंगूठी, एक जोड़ी झुमके और एक जोड़ी टॉप्स भी बरामद किए हैं। इसके अलावा स्मैक की पैकिंग में प्रयुक्त फ्यूल पेपर, पारदर्शी पन्नियां, इलेक्ट्रॉनिक तराजू और अन्य सामग्री भी जब्त की गई। बरामद नकदी में बड़ी संख्या में ₹10 और ₹20 के नोट व सिक्के मिले, जिससे पुलिस का मानना है कि आरोपी लंबे समय से छोटी-छोटी पुड़ियों में स्मैक बेचकर युवाओं को नशे का आदी बना रहे थे।महिला उपनिरीक्षक बबीता टम्टा के नेतृत्व में की गई इस कार्रवाई को क्षेत्र में नशा तस्करी के खिलाफ बड़ी सफलता माना जा रहा है। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ कोतवाली सितारगंज में मु0अ0सं0 380/2026, धारा 8/21/60 एनडीपीएस अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। फरार मास्टरमाइंड तहसीन की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि नशा तस्करों के पूरे नेटवर्क की कड़ियां खंगाली जा रही हैं और इस कारोबार से जुड़े अन्य लोगों को भी जल्द गिरफ्तार किया जाएगा। इस बड़ी कार्रवाई के बाद नशा कारोबारियों में हड़कंप मचा हुआ है, जबकि स्थानीय लोगों ने पुलिस की कार्रवाई की सराहना करते हुए उम्मीद जताई है कि अब कॉलेज और आसपास का क्षेत्र नशा तस्करों के चंगुल से मुक्त हो सकेगा।पकड़ने वाली पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक सुंदरम शर्मा, एसएसआई जावेद मालिक,एसआई बबीता टम्टा,हे० का० मतलूब ख़ान,हे०का०मनोज गवाल,हे०का० तारा गाड़िया, का० प्रेम सिंह,का०जगदीश कोठियाल,का० कृष्णा चन्द्र, का०नरेंद्र सिंह, का० ज्योती शर्मा आदि शामिल रहे।